PM Awas Yojana Gramin List-प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण की नई लिस्ट जारी हो चुकी है और अगर आपने भी इस योजना के लिए अप्लाई किया था तो आप घर बैठे अपना नाम ऑनलाइन चेक कर सकते हैं। सरकार गरीब परिवारों को पक्का घर बनाने के लिए ₹1,30,000 की सीधी मदद दे रही है। यह पैसा तीन किस्तों में आपके बैंक खाते में आता है और आप अपनी मर्जी से घर बना सकते हैं। आइए जानते हैं कैसे चेक करें अपना नाम और किसे मिलेगा यह पैसा।
लिस्ट में नाम कैसे चेक करें
अपना नाम चेक करना बेहद आसान है। सबसे पहले pmayg.nic.in वेबसाइट पर जाएं। होम पेज पर “Stakeholders” पर क्लिक करें, फिर “IAY/PMAYG Beneficiary” को सेलेक्ट करें। अब “Advanced Search” पर क्लिक करके अपना राज्य, जिला, ब्लॉक, पंचायत और नाम डालें। Search बटन दबाते ही अगर आपका नाम लिस्ट में होगा तो पूरी डिटेल्स स्क्रीन पर आ जाएगी। आप यहां से अपनी जानकारी प्रिंट भी निकाल सकते हैं।
किसे मिलेगी यह योजना
यह योजना उन गरीब परिवारों को मिलती है जिनके पास पक्का मकान नहीं है, परिवार में कोई सरकारी नौकरी नहीं है और सालाना आमदनी बहुत कम है। विधवा महिलाएं, SC/ST वर्ग के लोग और दिव्यांग व्यक्तियों को प्राथमिकता दी जाती है। आपका नाम 2011 के सेंसस डेटा या नए सर्वे में होना जरूरी है।
कितना और कैसे मिलेगा पैसा
मैदानी इलाकों में ₹1,30,000 और पहाड़ी इलाकों में ₹1,60,000 मिलते हैं। यह पैसा तीन किस्तों में आता है – पहली किस्त में ₹40,000 जब नींव डाली जाए, दूसरी में ₹60,000 जब दीवार उठे और तीसरी में ₹30,000 जब घर पूरा बन जाए। सभी किस्तें सीधे आपके आधार लिंक बैंक अकाउंट में DBT के जरिए आती हैं। शौचालय बनाने के लिए अलग से ₹12,000 भी मिलते हैं।
अब तक कितने लोगों को मिल चुका है घर
2016 से अब तक 3 करोड़ से ज्यादा परिवारों को इस योजना के तहत पक्का घर मिल चुका है। सिर्फ 2024 में ही 80 लाख नए घर बने हैं। सरकार का लक्ष्य है कि 2025 तक हर गरीब के सिर पर छत हो।
अगर नाम नहीं है तो क्या करें
अगर आपका नाम लिस्ट में नहीं आया है तो सबसे पहले सही स्पेलिंग और जानकारी से दोबारा सर्च करें। फिर भी नाम नहीं है तो अपने ग्राम पंचायत में सरपंच या सचिव से मिलें। आप pmayg.nic.in पर “Grievance” सेक्शन में शिकायत भी दर्ज करा सकते हैं। नया सर्वे हो रहा है जिसमें आप अपना नाम जुड़वा सकते हैं।
जरूरी डॉक्यूमेंट्स
आधार कार्ड, बैंक अकाउंट (आधार से लिंक), जॉब कार्ड, राशन कार्ड, मोबाइल नंबर और पासपोर्ट साइज फोटो की जरूरत पड़ती है। हर किस्त के समय घर की फोटो भी जमा करनी होती है।
यह योजना गरीबों के लिए वरदान साबित हुई है। लाखों परिवारों की जिंदगी बदल गई है और झुग्गियों की जगह पक्के मकान बन गए हैं। अगर आप पात्र हैं तो जरूर चेक करें अपना नाम और इस योजना का लाभ उठाएं।
Disclaimer: यह जानकारी सामान्य मार्गदर्शन के लिए है। आधिकारिक जानकारी के लिए pmayg.nic.in पर जाएं या ग्राम पंचायत से संपर्क करें।